जनता का विश्वास है आप पर आपने विश्वास का मान रखा जनता का विश्वास है आप पर आपने विश्वास का मान रखा
हर मुश्किल में खोजना होगा राहत, सुख दुःख तो निश्चित है फिर क्यों। हर मुश्किल में खोजना होगा राहत, सुख दुःख तो निश्चित है फिर क्यों।
सलाम करने कि आरजू है, क्यो न तूझको सलाम कर लूं!।। सलाम करने कि आरजू है, क्यो न तूझको सलाम कर लूं!।।
तुम कितनी सुलझी हुई हो ना, जैसे की कोई रेशम का धागा, कितना भी करो हमेशा सुलझा। तुम कितनी सुलझी हुई हो ना, जैसे की कोई रेशम का धागा, कितना भी करो हमेशा सुलझा।
मिलकर चलो ख़ुशियाँ फैलाएँगे प्रीत की डोरी से जग को बाँधेंगे! मिलकर चलो ख़ुशियाँ फैलाएँगे प्रीत की डोरी से जग को बाँधेंगे!
पुष्प-सार का है मधुवन पुष्प-गुच्छक से झूमे उपवन। पुष्प-सार का है मधुवन पुष्प-गुच्छक से झूमे उपवन।